इम्युनिटी मजबूत करने के लिए सिर्फ विटामिन C और D नहीं, इन पोषक तत्वों का सेवन भी है जरूरी
शरीर को संक्रमण और बीमारियों से बचाने में प्रतिरक्षा प्रणाली यानी इम्युनिटी की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। मजबूत प्रतिरक्षा प्रणाली शरीर को वायरस, बैक्टीरिया और अन्य रोग पैदा करने वाले सूक्ष्मजीवों से मुकाबला करने में मदद करती है। इसके लिए संतुलित आहार, पर्याप्त नींद और नियमित शारीरिक गतिविधि को जरूरी माना जाता है। विशेषज्ञों के अनुसार, केवल विटामिन C और D पर निर्भर रहने के बजाय शरीर को दूसरे आवश्यक पोषक तत्व भी पर्याप्त मात्रा में मिलने चाहिए।
कोरोना महामारी के दौरान भी प्रतिरक्षा प्रणाली को स्वस्थ बनाए रखने पर विशेष जोर दिया गया था। हालांकि, किसी एक खाद्य पदार्थ या विटामिन से सभी संक्रमणों से बचाव की गारंटी नहीं मिलती। शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को बेहतर बनाए रखने के लिए संपूर्ण आहार और स्वस्थ दिनचर्या पर ध्यान देना अधिक महत्वपूर्ण है।
विटामिन C शरीर की रक्षा प्रणाली के लिए जरूरी
विटामिन C एक महत्वपूर्ण एंटीऑक्सीडेंट है, जो शरीर की कोशिकाओं को नुकसान से बचाने और प्रतिरक्षा प्रणाली के सामान्य कामकाज में सहायता करता है। यह सफेद रक्त कोशिकाओं के कार्य में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। संतरा, आंवला, अमरूद, नींबू और अन्य फल-सब्जियां इसके अच्छे स्रोत हैं।
आहार में नियमित रूप से विटामिन C से भरपूर खाद्य पदार्थ शामिल करने से शरीर की पोषण संबंधी जरूरतों को पूरा करने में मदद मिलती है। हालांकि, सामान्य जरूरत पूरी होने के बाद अतिरिक्त विटामिन C लेने से संक्रमण से बचाव की गारंटी नहीं मिलती।
विटामिन D भी निभाता है अहम भूमिका
विटामिन D हड्डियों के स्वास्थ्य के साथ-साथ प्रतिरक्षा प्रणाली के सामान्य कामकाज के लिए भी आवश्यक है। शरीर को यह विटामिन धूप के संपर्क से मिल सकता है। इसके अलावा कुछ खाद्य पदार्थ, जैसे विटामिन D से समृद्ध दूध और अन्य फोर्टिफाइड खाद्य पदार्थ, इसके स्रोत हो सकते हैं।
धूप में रहने की उपयुक्त अवधि त्वचा के प्रकार, मौसम, स्थान और अन्य परिस्थितियों के अनुसार अलग-अलग हो सकती है। इसलिए केवल निश्चित समय तक धूप लेने से हर व्यक्ति में पर्याप्त विटामिन D बनने की गारंटी नहीं होती। कमी की आशंका होने पर डॉक्टर की सलाह से जांच कराना उपयोगी हो सकता है।
विटामिन E से मिलता है एंटीऑक्सीडेंट का लाभ
विटामिन E भी शरीर के लिए आवश्यक पोषक तत्व है। यह कोशिकाओं को ऑक्सीडेटिव नुकसान से बचाने में मदद करता है और प्रतिरक्षा प्रणाली के सामान्य कार्य में योगदान देता है। बादाम, सूरजमुखी के बीज, वनस्पति तेल और कुछ हरी पत्तेदार सब्जियों में यह पाया जाता है।
संतुलित आहार के जरिए विटामिन E की जरूरत पूरी करने का प्रयास करना चाहिए। बिना चिकित्सकीय सलाह के इसकी अधिक मात्रा वाले सप्लीमेंट लेना उचित नहीं है, क्योंकि जरूरत से ज्यादा सेवन नुकसान पहुंचा सकता है।
प्रोटीन की कमी से प्रभावित हो सकती है इम्युनिटी
प्रोटीन शरीर की वृद्धि, ऊतकों की मरम्मत और प्रतिरक्षा प्रणाली के लिए आवश्यक है। शरीर में प्रतिरक्षा कोशिकाओं और एंटीबॉडी के निर्माण में प्रोटीन की भूमिका होती है। लंबे समय तक इसकी कमी रहने पर शरीर के सामान्य कार्यों और संक्रमण से मुकाबला करने की क्षमता पर असर पड़ सकता है।
दालें, दूध, दही, पनीर, सोया, अंडे और अन्य प्रोटीन युक्त खाद्य पदार्थ आहार में शामिल किए जा सकते हैं। उम्र, शारीरिक गतिविधि और स्वास्थ्य की स्थिति के अनुसार प्रोटीन की जरूरत अलग-अलग होती है।
जिंक भी है महत्वपूर्ण पोषक तत्व
जिंक शरीर की प्रतिरक्षा प्रणाली के सामान्य कामकाज, कोशिकाओं के विकास और घाव भरने की प्रक्रिया में योगदान देता है। इसकी कमी होने पर प्रतिरक्षा संबंधी कार्य प्रभावित हो सकते हैं। दालें, बीज, मेवे, साबुत अनाज और अन्य खाद्य पदार्थ जिंक के स्रोत हैं।
विशेष रूप से बुजुर्गों और उन लोगों को अपने आहार पर ध्यान देना चाहिए, जिनमें पोषक तत्वों की कमी होने का खतरा अधिक रहता है। जिंक सप्लीमेंट का इस्तेमाल जरूरत और चिकित्सकीय सलाह के अनुसार ही करना चाहिए। इसकी अधिक मात्रा से मतली, पेट संबंधी परेशानी और लंबे समय तक सेवन करने पर कॉपर की कमी हो सकती है।
इम्युनिटी बेहतर रखने के लिए अपनाएं स्वस्थ आदतें
प्रतिरक्षा प्रणाली को स्वस्थ रखने के लिए केवल पोषक तत्वों पर ध्यान देना पर्याप्त नहीं है। दैनिक जीवन में कुछ आदतें भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।
संतुलित आहार लें: फल, सब्जियां, साबुत अनाज, प्रोटीन और स्वस्थ वसा को भोजन में शामिल करें।
पर्याप्त नींद लें: नियमित और अच्छी नींद शरीर के सामान्य कामकाज के लिए जरूरी है।
शारीरिक रूप से सक्रिय रहें: अपनी क्षमता के अनुसार नियमित व्यायाम या पैदल चलने की आदत अपनाएं।
स्वच्छता बनाए रखें: हाथ धोने और भोजन की साफ-सफाई जैसी आदतें संक्रमण का खतरा कम करने में मदद करती हैं।
सप्लीमेंट सोच-समझकर लें: विटामिन और मिनरल की गोलियां तभी लें, जब उनकी जरूरत हो या डॉक्टर सलाह दें।
शरीर की प्रतिरक्षा प्रणाली को स्वस्थ रखने के लिए विटामिन C, विटामिन D, विटामिन E, प्रोटीन और जिंक जैसे पोषक तत्व जरूरी हैं। लेकिन किसी एक विटामिन या सप्लीमेंट को इम्युनिटी बढ़ाने का चमत्कारी उपाय नहीं समझना चाहिए। संतुलित भोजन, पर्याप्त नींद, नियमित गतिविधि और जरूरत के अनुसार चिकित्सकीय सलाह ही बेहतर स्वास्थ्य की दिशा में मददगार हैं।
